✦ आज: कृष्ण पक्ष तृतीया· जन्माष्टमी · 4 दिन में· एकादशी · 7 दिन में· प्रदोष · 9 दिन में· अमावस्या · 11 दिन में
अनन्तमार्गडिजिटल पंचांग
Jai Venkatesha Aarti
Venkatesha

जय वेंकटेशा आरती

॥ जय वेंकटेशा आरती ॥

भगवान वेंकटेश बालाजी की आरती — तिरुपति में पूजित विष्णु के स्वयंभू रूप

जय वेंकटेशा, जय जय बालाजी। तिरुपति के स्वामी, सात पहाड़ों वाली॥ जय वेंकटेशा।

हे वेंकटेश! हे बालाजी! तिरुपति के स्वामी, सात पहाड़ों पर विराजमान — आपकी जय हो।

Victory to Venkatesha, victory to Balaji! Lord of Tirupati, enthroned on seven hills.

शंख-चक्र-गदा-पद्म, चतुर्भुज भगवान। लक्ष्मी संग विराजें, दें भक्तों वरदान॥ जय वेंकटेशा।

शंख, चक्र, गदा और पद्म धारण किए चतुर्भुज भगवान, लक्ष्मी के साथ विराजते और भक्तों को वरदान देते हैं।

Four-armed Lord bearing conch, disc, mace, and lotus; enthroned with Lakshmi, granting boons to devotees.

केश-माला-तुलसी से, शृंगार सजाए। बंधनी वेंकटेश को, कर्ज चुकाए॥ जय वेंकटेशा।

केश, माला और तुलसी से शृंगार किया। वेंकटेश बंधनी में हैं, देवताओं का कर्ज चुका रहे हैं।

Adorned with garlands and tulsi; Venkatesha remains in celestial debt, which devotees help repay through offerings.

जय वेंकटेशा की आरती जो गाए। तिरुपति के दर्शन, जन्म सफल बनाए॥ जय वेंकटेशा।

जो वेंकटेश की यह आरती गाता है उसे तिरुपति के दर्शन का फल मिलता है और जन्म सफल होता है।

Whoever sings this aarti of Venkatesha earns the merit of a Tirupati pilgrimage and makes their birth fruitful.

Traditional Tirupati Aartiसभी आरती